
छत्तीसगढ़ पुलिस की लगातार कार्यवाहियों से म्यूल अकाउंट के दुरुपयोग और फर्जी सिम बेचने वाले पर सख्त कार्यवाहियों से स्थितियां पर बहुत हद तक नियंत्रण हुआ है।उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने छत्तीसगढ़ पुलिस की कार्यवाहियों की सराहना करते हुए बताया म्यूल खाते खुले तो बैंक अधिकारियों पर भी कार्यवाही, किसी को नहीं बख्शा जाएगा !राजधानी रायपुर में आयोजित साइबर जागृति अभियान अभिनंदन समारोह के दौरान माननीय उपमुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री महोदय ने कहा माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जी कि मंसा अनुरूप साइबर फ्रॉड को रोकने सख्ती से कार्य किया जा रहा है,तथा इस दिशा में बैंक अधिकारियों की भी जिम्मेदारी तय की गई है ताकि बिना सत्यापन के खोले गए अकाउंट पर सख्त कार्यवाही हो सके ।अब मनमाने तरीके से ऐसे खाते खोलने वाले बैंक अधिकारियों के खिलाफ भी सीधे एफआईआर (FIR) दर्ज कर उन्हें जेल भेजा जा रहा है। इस सख्त कदम के कारण प्रदेश में म्यूल अकाउंट्स की संख्या में भारी कमी आई है।
साइबर अपराध में सम्मिलित अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा एवं छत्तीसगढ़ पुलिस का साइबर क्राइम मुक्त छत्तीसगढ़ बनाने का संकल्प निरंतर जारी रहेगा।अपने संबोधन में माननीय उपमुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री जी ने बताया कि कैसे माननीय मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में सिम कार्ड फर्जीवाड़े पर सख्त कदम उठाए गए हैं।
थंब इम्प्रेशन फेल होने का बहाना कर आम नागरिकों के नाम पर गुमनाम सिम जारी करने वाले ‘पॉइंट ऑफ सेल’ वेंडर्स के खिलाफ अब पहली बार सीधे एफआईआर (FIR) और कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई से उन निर्दोष नागरिकों को बचाया जा रहा है, जिन्हें उनके नाम पर जारी फर्जी सिम के कारण बिना किसी गलती के साइबर फ्रॉड के मामलों में फंसाया जाता था।
साइबर अपराध में सम्मिलित अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा एवं छत्तीसगढ़ पुलिस का साइबर क्राइम मुक्त छत्तीसगढ़ बनाने का संकल्प निरंतर जारी रहेगा।

